21/01/2022

Your Mental Diet आपका मानसिक आहार

इसमें 2 तरह के purpose है:-

1. living for thinking (सोचने के लिए जीना)
2. thinking for living (जीने के लिए सोचना )

ये बात एकदम सच है कि जिन लोगों  ने भी इतिहास रचे है उनके पास उनका माइंड (mind) था। रोज़मर्रा की ज़िन्दगी में आपने सुना होगा ये कहा  जाता है कि दुनिया में बहुत competition है, पर सच बात यह है कि दुनिया बहुत कमजोर है–जो मांगोगे वही मिलेगा, लेकिन मांगना किस्से है? किसी और से नहीं बल्कि खुद से-अपने आप से। थोड़ा सा discipline और mental toughness चाइये बस आप किसी को भी पीछे कर सकते है। कोई भी काम में सबसे अच्छा कर सकते है।

आज कल लोग परेशान हैं किसी को हेल्थ की समस्या, किसी को financial प्रॉब्लम, किसी को relationships की प्रोबलम।  कब आता है ये दिमाग में ?

इसमें 2 तरह के purpose है:-

1. living for thinking (सोचने के लिए जीना)

2. thinking for living  (जीने के लिए सोचना )

अगर ये 2 option है हमारे पास इनमे से हमें 1 choose करना है तो हम क्या choose करंगे और क्यों ??

इसको आराम से बैठ के खुद से समझना है बारीकी से, और खुद से एक सवाल करना है कि मेरी जिंदगी का मकसद क्या है ?

अब बात करे सोचने के लिए जीना  की तो ऐसा तो नहीं की हम सिर्फ non-stop सोचने के लिए ही जी रहे हैं,  सोचना बंद नहीं करना है, लाश नहीं बनना है, सोचना सही है-सोचने से आपको शांति मिलती है।

लेकिन हम यही नहीं कर रहे सिर्फ सोचे जा रहे उसने ऐसा क्यों किया ?, उसमे मुझे नीचा दिखाया, jealousy में सोच रहे, उसके पास ये है मेरे पास में वो नहीं, ऐसा क्यों हो रहा वैसा क्यों हो रहा, मेरी मम्मी ऐसे क्यों है मेरे पापा ऐसे क्यों है, मेरी wife ऐसी क्यों है मेरे husband ऐसे क्यों है वो बदल क्यों नहीं जाता, मेरी लाइफ में इतनी financial problem क्यों है, अपने आप को एक दूसरे से compare करना ये सब क्या है ?सिर्फ useless thinking. ये सब living for thinking है। ये है चिंता।

दूसरा ऑप्शन है जीने के लिए सोच अगर हमें शांति से जीना है तो जैसे आप कोई job कर रहे और ये पहले वाले option की वजह से छोड़ के बैठ गए तो problem और बढ़ जायगी। शांति और disturb हो जायगी जबकि ultimate goal है शांति। एक है चिंता, एक चिंतन, चिंता मतलब जो हो उसके बारे में कुछ भी सोचते रहो। जैसे मेरे साथ ही क्यों गलत होता है, society ऐसी क्यों, मेरी हेल्थ ऐसी क्यों  ये सब चिंता है और वही मेरे साथ गलत हुआ सही कैसे करू, society को कैसे चेंज करे, हेल्थ कैसे सही करे ये है चिंतन। चिंतन एक solution oriented thinking है। समझदारी जरुरी है हर चीज का solution तो नहीं वह समझदारी काम आती है। फॅमिली में पैसे की प्रॉब्लम है अब आप सोच रहे इससे कैसे सही करू और क्या क्या करू ये है solution, लेकिन बैठ के सिर्फ परेशान हो रहे लुट गया बर्बाद हो गया उसमे कुछ नहीं कर सकते तो जरुरी है जीने के लिए सोचना। हर आदमी के अंदर कोई न कोई

talent है skill है सोच सकते है समझ सकते है दिमाग है तो फिर बस सब wrong thinking से गड़बड़ होता है जबकि राइट thinking आपको बहुत आगे कर सकता है लाइफ में। हम में और जानवर में यही फर्क है हम सोच सकते है वो नहीं। जितने भी past में साइंटिस्ट हुए वो हमसे ज्यादा या काम सोचते थे। तो right thinking ही अच्छा है।

सबसे जरुरी बात आज के टाइम पे कोई भी सवाल नहीं पूछता खुद से जिंदगी में सवाल करना खुद से बाहर जरुरी है जैसे आपका highest potential क्या है? अपने छुपे हुए potential को बाहर कैसे निकाले ?

तो उसके लिए आपको सबसे पहले अपने mental muscle को build करना होगा physical muscle बाद में। तो सवाल पूछे खुद से आपका mental diet क्या है ? आप अपने subconscious(अवचेतन) मन को क्या दे रहे डेली ? क्या खिला रहे कभी कैलकुलेट करिये, क्या feed कर रहे आपका brain washing partner कौन है ? जिस दिन positive mental muscle build हो गयी कभी कोई आपको इधर उधर अशांत नहीं कर सकता पूरी लाइफ। अपने लिए टाइम निकलना होगा और figure out करना होगा आपका mental travel partner कौन है ?

Travel partner जो successful लोग या मैं अपनी बात करू तो मेरे travel पार्टनर है – Bill gates, jeff bezoz, mark zuckerberg, jack ma, warren buffet और कई तो अब जीवित नहीं जैसे A.P.J Abdul Kalam, मदर टेरेसा, नेल्सन मंडेला, महात्मा गाँधी।

जैसे फिजिकल डाइट में कुछ भी नहीं कहते वैसे ही mental डाइट में कुछ भी feed नहीं करना है। आज ही एक chart बनाये और अपनी mental डाइट कुछ दिन तक ध्यान दे। राइट thinking या right चीजे install करे और खराब चीजे uninstall करें।

सकारात्मक विचार से हम किसी भी दिन को एक खुशहाल दिन बना सकते हैं

Golden tips : 1.सही चीजें install करिये आज ही ध्यान दीजिए। बाकि कुछ भी मत feed होने दीजिए जो आपको सही thinking न दे। शांति बहुत जरुरी है तभी आप अपना potential सही से उपयोग में ला सकते है और इस दुनिया में इतिहास रच सकते है।

2. सबसे शक्तिशाली व्यक्तिगत प्रोग्रामिंग गतिविधियों में से एक है कि आप खुद से बात कर सकते है (self talk) सकारात्मक दिमाग कर के

3.अपने खुद के चीयरलीडर बनें और हर समय खुद से सकारात्मक बातें करें

4.अपने विचारों को देखने के लिए पहले सात दिन, खुद के thinking को देखने का मन बना लें

5.सुबह उठो और इसे एक महान दिन होने के बारे में सोचो! चाहे कुछ भी हो जाए, आपको अपने आप को नकारात्मक सोच पर नहीं चलने देना चाहिए, एक पल के लिए भी नहीं। अपने सपनों के बारे में सोचो।

6.सबसे शक्तिशाली मारक(The Most Powerful Antidote) मनोवैज्ञानिकों ने साबित कर दिया है कि शब्द, “I can do it,” विफलता के डर का मारक है जो अक्सर आपको कोशिश करने से पीछे रखता है। जब भी आप किसी भी ऐसी चीज के बारे में भयभीत होते हैं या संदेह महसूस करते हैं, जिसे आप प्रयास करना चाहते हैं, तो इन शब्दों को अपने आप पर दोहराएं। अपने आप को बहुत उत्साह से कहें, “I can do it(मैं यह कर सकता हूं,) मैं यह कर सकता हूं, “I can do it,!” जब आप यह कहना शुरू करते हैं, “I can do it, आप उस संदेश को अपने अवचेतन मन में गहराई से चलाते हैं। यह संदेश आपके डर को कम करता है और आपके आत्मविश्वास का निर्माण करता है।

               –इस दुनिया में असंभव कुछ भी नहीं । हम वो सब कर सकते है, जो हम सोच सकते है और हम वो सब सोच सकते है, जो आज तक हमने नहीं सोचा

Thank you

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